
सीतापुर, डीएम राजा गणपति आर ने आज सुबह लगभग 9:14 पर मिश्रिख सीएचसी का औचक निरीक्षण किया।
सीएचसी अधीक्षक के 1 दिन सहित कई कर्मियों का 15 दिन का वेतन कटा- डीएम ने प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. प्रखर श्रीवास्तव के अनुपस्थित होने पर नोटिस जारी करने सहित आज का वेतन काटने के निर्देश दिए।
कार्यों में लापरवाही करने वाले कर्मचारियों पर हुई कार्यवाही- लापरवाही मिलने पर ब्लॉक एकाउंट्स मैनेजर (बी0ए0एम0) बालक राम, फार्मासिस्ट रवी यादव, स्टॉफ नर्स सीता के विरूद्ध डी0एच0एस0 में प्रस्ताव लाते हुये 15 दिन का वेतन काटनें के निर्देश जिलाधिकारी ने दिये।
खाने की गुणवत्ता देखकर बेहद नाराजगी- जिलाधिकारी खाने की गुणवत्ता देखकर बेहद नाराज़ हुए। उन्होंने तत्काल खाने की जिम्मेदारी देख रही सखी स्वयं सहायता समूह का टेंडर रद्द करने के निर्देश दिए। किया निरीक्षण दिये निर्देश- निरीक्षण के दौरान डीएम ने इमरजेंसी, प्रसव कक्ष, पर्चा काउंटर, ओपीडी, आईपीड़ी, के0एम0सी0, महिला वार्ड, लेबर रूम, पैथॉलोजी, आक्सीजन प्लांट, किचेन, काउंसलिंग कक्ष, एन0बी0एस0यू0 आदि का गहनतापूर्वक निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने कड़े निर्देश दिये कि शासन की मंशानुरूप क्षेत्र की जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं एवं समुचित उपचार उपलब्ध कराया जाये। चिकित्सालय में आवश्यक दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाये तथा आवस्थापना सुविधाओं में सुधार किया जाये। शौचालय सहित अन्य सभी स्थलों पर सफाई का समुचित प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश जिलाधिकारी ने दिये।
मरीजों को आपूर्ति किये जा रहे भोजन एवं नाश्ते की गुणवत्ता व मात्रा मानकों के अनुरूप न मिलनें पर कार्यरत सखी स्वयं सहायता समूह का टेण्डर रद्द किये जाने के निर्देश जिलाधिकारी ने दिये। बी0पी0एम0, बी0सी0पी0एम0 एवं बैम को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश भी जिलाधिकारी ने दिये। जिलाधिकारी ने आक्सीजन प्लांट तत्काल ठीक कराते हुये संचालित कराये जाने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि बेडशीट नियमित रूप से बदलवायी जाये। ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक निरन्तर भ्रमणशील रहें और भर्ती मरीजों को दी गयी दवाओं एवं इंजेक्शन का विवरण उनके पर्चे पर अवश्य दर्ज किया जाये। सभी अधिकारी एवं कर्मचारी निर्धारित यूनीफार्म में रहें। डिलीवरी रजिस्टर का पूरा विवरण दर्ज कराया जाये तथा जन्म पंजीकरण प्रमाण-पत्र डिस्चार्ज के समय ही उनके परिजन को दे दिया जाये। फैमिली प्लानिंग हेतु समुचित काउंसलिंग व्यवस्था किये जाने के निर्देश भी जिलाधिकारी ने दिये। निरीक्षण के दौरान मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा0 सुरेश कुमार सहित संबंधित अन्य भी मौजूद रहे।




